कोरबा जिले के कुसमुंडा बाईपास मार्ग स्थित कुचेना अंडरब्रिज में पहली ही बारिश ने विकास कार्यों की हकीकत उजागर कर दी है। South Eastern Coalfields Limited द्वारा निर्मित इस अंडरब्रिज में अचानक हुई बारिश के बाद भारी जलभराव हो गया, जिससे यातायात पूरी तरह प्रभावित रहा।
देखते ही देखते अंडरब्रिज पूरी तरह पानी से लबालब भर गया। पानी इतना अधिक था कि छोटे वाहन तो दूर, बड़े वाहनों की आवाजाही भी बाधित हो गई। वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा और कई लोग जान जोखिम में डालकर पानी से भरे अंडरब्रिज को पार करते नजर आए।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अंडरब्रिज पहले से ही काफी सकरा बनाया गया है। इसकी चौड़ाई कम होने के कारण यहां अक्सर जाम की स्थिति बनी रहती है। ऐसे में बारिश के पानी के भराव ने समस्या को और गंभीर कर दिया है।
लोगों का आरोप है कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता का ध्यान नहीं रखा गया, जिसके कारण पहली ही बारिश में जल निकासी व्यवस्था की पोल खुल गई। यदि समय रहते स्थायी समाधान नहीं किया गया तो बारिश के दिनों में यहां किसी बड़े हादसे से इनकार नहीं किया जा सकता।
आज भोर में ठेकेदार द्वारा पंप लगाकर अंडरब्रिज से पानी निकाला जा रहा है। लेकिन सवाल यह उठता है कि यदि हर बारिश में इसी तरह पंप के सहारे पानी निकालना पड़ेगा तो आम जनता को आने वाले दिनों में कितनी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा?
कुसमुंडा बाईपास का यह अंडरब्रिज क्षेत्र के लिए सुविधा के उद्देश्य से बनाया गया था, लेकिन पहली ही बारिश में यह परेशानी का कारण बन गया है। अब देखना होगा कि एसईसीएल और प्रशासन इस समस्या का स्थायी समाधान कब तक करते हैं।














